
- शुक्रवार को जब देर शाम परिणाम आया तो आस्था के घर में त्योहार जैसा माहौल हो गया था। आस्था के पिता ध्रुवराज बोरकर रेलवेकर्मी हैं, जबकि माता सुशीला बोरकर गृहणी है। आस्था की इस सफलता पर उनके गुरु ने भी बधाई दी। डिप्टी कलेक्टर बनने जा रही आस्था बोरकर ने बताया कि उन्हें फ़ोटो खिंचवाने का बहुत शौक है। इसके अलावा वे समय मिलने पर नृत्य करना भी पसंद करती है।
- शासन में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभालने से पहले आस्था ने बताया कि वे आगे चल कर महिला शसक्तीकरण की दिशा में काम करना चाहती है। उनका मानना है कि महिलाये हर क्षेत्र में पुरुषों से कदम से कदम मिला कर आगे बड़ रही है। ग्रामीण इलाकों में महिलाओं को शिक्षा से जोड़ने पर भी वे काम करना चाहती है। आस्था ने बताया कि उन्होंने सोशल मीडिया को तैयारी के लिए अपना हथियार बनाया था। लेकिन वो फेसबुक और इंस्टाग्राम जैसे एप से दूर रही पर उन्होंने पढ़ाई के लिए व्हाट्सअप और टेलीग्राम का सहारा लिया
राजनांदगांव न्यूज़ धमाका /// शुक्रवार की देर शाम जारी हुए राज्य लोक सेवा परीक्षा में शहर की आस्था ने पहला स्थान हासिल किया है। ये उनका तीसरा प्रयास था, जिसमे पहली रैंक पाकर उन्होंने डिप्टी कलेक्टर का पद पा लिया है। आस्था ने कहा कि, किसी भी लक्ष्य को पाने के लिए तैयारी सबसे अहम होती है। इसके लिए किसी भी तरह का बोझ नहीं बनाना चाहिए। उन्होंने कहा कि आज कल युवा वर्ग किसी भी परीक्षा को लेकर बहुत ज्यादा चिंता करने लगता है। जबकि खुश रहकर और बिना मानसिक तनाव लिए भी सफलता हासिल की जा सकती है

