
रायपुर न्यूज धमाका – छत्तीसगढ़ में टैक्स चोरी के मामलों पर शिकंजा कसते हुए स्टेट जीएसटी विभाग ने दो बड़ी फर्मों पर छापेमारी कर गंभीर गड़बड़ियां उजागर की हैं। अंबिकापुर स्थित मेसर्स बंसल ट्रेडिंग कॉरपोरेशन और मेसर्स लक्ष्मी ट्रेडर्स के यहां की गई जांच में करोड़ों के टर्नओवर के बावजूद नगण्य या शून्य टैक्स भुगतान सामने आया है।
बंसल ट्रेडिंग कॉरपोरेशन: 158 करोड़ का टर्नओवर, शून्य टैक्स भुगतान
स्टेट जीएसटी अंबिकापुर की टीम ने 30 मई को बंसल ट्रेडिंग के व्यवसाय स्थल पर जांच की। विभाग के अनुसार, जीएसटी पोर्टल पर इस फर्म का रिस्क स्कोर 10 पाया गया था, जो टैक्स चोरी की उच्च संभावना को दर्शाता है।
जांच में यह सामने आया कि वर्ष 2017-18 से 2024-25 तक फर्म ने 158 करोड़ रुपये से अधिक का व्यापार किया, लेकिन टैक्स का नकद भुगतान शून्य रहा। वर्ष 2023-24 में फर्म ने 29.50 करोड़ रुपये का माल खरीदा, लेकिन केवल 50 लाख रुपये की सप्लाई दिखाई गई। आशंका है कि फर्म ने बोगस इनवॉइस के जरिए अन्य व्यवसायियों को फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट का लाभ पहुंचाया।
व्यवसायी ने त्रुटि स्वीकार करते हुए ₹40 लाख टैक्स देने की इच्छा जताई, लेकिन अब तक कोई दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किया गया है।
लक्ष्मी ट्रेडर्स: 96 करोड़ का व्यापार, टैक्स नगण्य
विभाग ने 30-31 मई को लक्ष्मी ट्रेडर्स पर भी कार्रवाई की। जांच में पाया गया कि फर्म ने 96 करोड़ से अधिक का टर्नओवर दिखाया, लेकिन टैक्स भुगतान बहुत कम किया गया।
2023-24 में माल खरीदी ₹11 करोड़ की रही, जबकि सप्लाई केवल ₹7 करोड़ की दिखाई गई। व्यवसायी ने जांच के दौरान गलती स्वीकार की और ₹17.55 लाख का टैक्स स्वेच्छा से जमा किया।
सरकार को भारी नुकसान, आगे की कार्रवाई जारी
दोनों मामलों में टैक्स चोरी की पुष्टि होने के बाद राज्य और केंद्र सरकार को कर राजस्व में भारी नुकसान हुआ है। विभाग ने संबंधित दस्तावेजों की मांग की है और आवश्यकतानुसार कानूनी कार्रवाई की जा रही है।



