
रायगढ़ न्यूज धमाका – छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के चक्रधर नगर थाना क्षेत्र से एक दुखद और रहस्यमय घटना सामने आई है। 78 वर्षीय रिटायर्ड शिक्षक गोपाल नगायच और उनकी पत्नी सरस्वती नगायच (77 वर्ष) की लाश आज उनके घर से बरामद की गई। दोनों के शव उनके घर में अलग-अलग कमरों में पाए गए, जिससे मोहल्ले में सनसनी फैल गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।
ऐसे हुआ मामले का खुलासा:
रिटायर्ड शिक्षक दंपत्ति कसेरपारा क्षेत्र में अकेले रहते थे। उनकी तीन संतानें हैं – एक बेटा और दो बेटियां। बेटा उमाकांत नगायच (39 वर्ष) कोलकाता में निजी नौकरी करता है, जबकि दोनों बेटियां शिक्षिका हैं, जिनमें से एक रायपुर और दूसरी रायगढ़ में निवास करती है।
परिजनों ने बताया कि पिछले दो दिनों से माता-पिता का फोन बंद आ रहा था और किसी का जवाब नहीं मिल रहा था। चिंतित बेटे उमाकांत ने मोहल्ले के कुछ मित्रों और पड़ोसियों से घर जाकर देखने की अपील की। जब वे घर पहुंचे तो दरवाजा अंदर से बंद था और घर से तेज बदबू आ रही थी। संदेह के आधार पर दरवाजा तोड़ा गया।
अंदर का दृश्य और पुलिस की प्रारंभिक जांच:
- श्री गोपाल नगायच का शव फर्श पर औंधे मुंह पड़ा मिला।
- पत्नी सरस्वती नगायच का शव बिस्तर पर पड़ा था।
- घर में किसी प्रकार की तोड़फोड़ या अस्त-व्यस्तता नहीं पाई गई।
- आसपास के लोगों ने बताया कि दो दिनों से बदबू आ रही थी, पर लोगों ने नाली की दुर्गंध समझकर ध्यान नहीं दिया।
पुलिस और प्रशासन की प्रतिक्रिया:
रायगढ़ एसपी दिव्यांग पटेल ने बताया:
“प्रथम दृष्टया मामला प्राकृतिक मौत का प्रतीत हो रहा है। घर में कोई जबरन घुसपैठ या चोरी के संकेत नहीं मिले हैं। फिर भी, हम हर एंगल से जांच कर रहे हैं, ताकि किसी भी संभावना को पूरी तरह से नकारा न जाए।”
पुलिस ने दोनों शवों का पंचनामा कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। रिपोर्ट आने के बाद ही वास्तविक कारणों की पुष्टि हो सकेगी।
समाज के लिए संदेश:
यह घटना शहरी एकाकी जीवन और बुजुर्गों की सुरक्षा को लेकर भी एक बड़ा सवाल खड़ा करती है। समय-समय पर अपनों से संपर्क और पड़ोस में जागरूकता बेहद जरूरी है, ताकि किसी तरह की अनहोनी से पहले मदद पहुंचाई जा सके।



