
रायपुर,न्यूज़ धमाका:-यही सही समय है जब लोगों को रचनात्मक क्षेत्र को एक अच्छे करियर विकल्प के रूप में देखना शुरू कर देना चाहिए। मांग और आपूर्ति के बीच में भारी अंतर है। कलाकार को एक ऐसे मंच की आवश्यकता होती है, जहां वे प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकें और कमाई कर सकें। आने वाले समय में मॉर्डन आर्ट अपने सौंदर्य से लोगों का दिल जीत लेगी और करियर के बेहतर विकल्प के रूप में राज करेगी।
1 और 2 अप्रैल को गौरव गार्डन में अपनी तरह के पहले एशिया आर्ट फेस्टिवल आयोजित करने के लिए छत्तीसगढ़ पूरी तरह से तैयार है। एशिया आर्ट फेस्टिवल के निदेशक और भारतीय कला के राजदूत ईशान भल्ला कहते हैं कि “छत्तीसगढ़ में एशिया आर्ट फेस्टिवल की योजना बनाने के लिए सबसे बड़ी चुनौती एक निश्चित क्रिएटीव सेंगमेंट की पहचान करना था। वो भी तब जब कला क्षेत्र में बहुत अधिक उद्यम नहीं था, इसके साथ ही समाजिक प्रभाव छोड़ते हुए छत्तीसगढ़ के कलाकारों के लिए व्यावसायिक रचनात्मक मॉडल लाना भी काफी चुनौतीपूर्ण था।”
एशिया आर्ट फेस्टिवल एक ऐसा संगठन है जो भारत के कलाकारों को वैश्विक मंच देने और सरकारी योजनाओं, प्रत्यक्ष निवेश और कोलैब्रेशन के जरिए संसाधन जुटाने के लिए प्रतिबद्ध है।” ये वैल्यू-ऐडेड मॉडल कैसे तैयार किया पूछे जाने पर, ईशान बताते हैं, “मेरी यह यात्रा उतार-चढ़ाव से भरी रही है। एक मध्यमवर्गीय परिवार में पले-बढ़े होने के कारण, मैंने सीखा है कि आपको अपनी जरूरतों और चाहत को पूरा करने के लिए काम करना होगा मैं उस दिन को कभी नहीं भूल सकता जब मुझे संयुक्त राष्ट्र सांस्कृतिक पुरस्कार के लिए नामांकन दाखिल करने के लिए 8000 रुपए कम पड़ गए थे। जिंदगी ने मुझे पैसे की कद्र करना सिखाया है।”
