
07 अगस्त 2026 //
बड़वानी न्यूज़ धमाका – के वरला थाना क्षेत्र के दुगानी गांव में 25 वर्षीय महिला माया ने अपने दो छोटे बच्चों के साथ 60 फीट गहरे कुएं में छलांग लगा दी। तीनों की मौत हो गई। पुलिस ने शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजकर घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है
मध्य प्रदेश के बड़वानी जिले से एक बेहद दुखद घटना सामने आई है। वरला थाना क्षेत्र के दुगानी गांव में एक महिला ने अपने दो छोटे बच्चों के साथ करीब 60 फीट गहरे कुएं में छलांग लगा दी। हादसे में महिला और दोनों बच्चों की मौत हो गई। घटना के बाद गांव में शोक का माहौल है। पुलिस ने तीनों शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक घटना गुरुवार को दुगानी गांव के रामजी फलिया की है। मृतकों की पहचान 25 वर्षीय माया पत्नी प्रदीप कनोजे, उनकी तीन साल की बेटी सलोनी और डेढ़ साल के बेटे अयान के रूप में हुई है। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी
ग्रामीणों की मदद से बाहर निकाले शव
सूचना मिलने के बाद वरला थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची। ग्रामीणों की मदद से महिला और दोनों बच्चों को कुएं से बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक तीनों की मौत हो चुकी थी। इसके बाद पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर वरला सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेज दिया।
घटना की जानकारी मिलने पर मृतका के परिजन भी मौके पर पहुंचे। महिला और दोनों बच्चों की मौत की खबर से परिवार में मातम पसर गया। गांव में भी गम का माहौल है। बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर मौजूद रहे और परिजनों को ढांढस बंधाया
घटना के कारणों का पता लगा रही पुलिस
पुलिस के मुताबिक अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि महिला ने यह कदम किन परिस्थितियों में उठाया। प्रारंभिक जांच में घटना के पीछे की वजह सामने नहीं आई है। पुलिस परिजनों और आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है। मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
एसडीओपी अजय वाघमारे ने बताया कि तीनों शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए रखा गया है। शुक्रवार को पोस्टमॉर्टम और अन्य वैधानिक प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव परिजनों को सौंपे जाएंगे। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि घटना से पहले महिला किन परिस्थितियों से गुजर रही थी और आखिर ऐसा कदम उठाने की वजह क्या रही।
जांच के बाद सामने आएगी पूरी तस्वीर
फिलहाल पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि परिजनों और ग्रामीणों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। जांच पूरी होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों की पुष्टि हो सकेगी।

