
रायपुर न्यूज धमाका – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जशपुर जिले में उच्च शिक्षा के विस्तार की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए फरसाबहार और करडेगा महाविद्यालयों के संचालन के लिए शिक्षकीय और कार्यालयीन कर्मचारियों की पदस्थापना को मंजूरी दी है।
मुख्यमंत्री की स्वीकृति के बाद इन दोनों कॉलेजों के संचालन का रास्ता साफ हो गया है। इससे जशपुर जिले के हजारों विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के अवसर अब अपने ही क्षेत्र में मिल सकेंगे।
छत्तीसगढ़ उच्च शिक्षा विभाग ने इन महाविद्यालयों के लिए एक-एक प्राचार्य, 48 सहायक प्राध्यापक, 4 ग्रंथपाल, 4 क्रीड़ाधिकारी और 4 प्रयोगशाला सहायक पदों को स्वीकृति दी है। राज्य सरकार जल्द ही इन पदों पर भर्ती की प्रक्रिया शुरू करेगी।
स्थानीय छात्रों को मिलेगी राहत
फरसाबहार में लंबे समय से महाविद्यालय की मांग की जा रही थी। अब कॉलेज की स्थापना से छात्रों को उच्च शिक्षा के लिए तपकरा या बागबहार जैसे दूरस्थ इलाकों की ओर नहीं जाना पड़ेगा। विशेष रूप से छात्राओं को घर के पास ही शिक्षा प्राप्त करने की सुविधा मिलेगी।
वहीं, दुलदुला ब्लॉक के करडेगा क्षेत्र, जो चारों ओर घने जंगलों से घिरा है, में कॉलेज शुरू होने से विद्यार्थियों को शिक्षा प्राप्त करने में आने वाली कठिनाइयाँ दूर होंगी। अब उन्हें ब्लॉक मुख्यालय या अन्य शहरों की ओर जाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।
प्रदेश में उच्च शिक्षा के विस्तार की दिशा में अहम कदम
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की इस पहल से प्रदेश में उच्च, तकनीकी और स्वास्थ्य शिक्षा के क्षेत्र में विस्तार की नई संभावनाएँ खुलेंगी। यह निर्णय युवाओं के लिए शिक्षा और रोजगार के अवसर बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों, समाजसेवियों और विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के इस निर्णय के लिए आभार व्यक्त किया है और कहा कि यह कदम जशपुर जिले के शैक्षिक विकास का नया अध्याय साबित होगा।
