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फॉरेस्ट गार्ड पर जानलेवा हमला, अवैध लकड़ी कटाई रोकने पर डंडे से पीटा, हालत गंभीर

11 अगस्त 2026 //

बलरामपुर न्यूज़ धमाका – रामानुजगंज वन परिक्षेत्र में मंगलवार सुबह वन विभाग के कर्मचारी पर जानलेवा हमला किए जाने का मामला सामने आया है। वन वाटिका रामानुजगंज में अवैध रूप से लकड़ी काट रहे लोगों को रोकना फॉरेस्ट गार्ड को भारी पड़ गया। आरोप है कि लकड़ी काटने से मना करने पर आरोपियों ने फॉरेस्ट गार्ड के साथ डंडे से मारपीट कर दी। हमले में फॉरेस्ट गार्ड पिंटू मालाकार के सिर में गंभीर चोट आई है। उनकी हालत गंभीर बताई जा रही है। घटना के बाद उन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार जारी है।

 मनोज भुईया अपनी पत्नी के साथ करीब 4 से 5 फीट लंबा लकड़ी का लट्ठा कंधे पर लेकर वन वाटिका के पास से गुजर रहा था। इसी दौरान फॉरेस्ट गार्ड पिंटू मालाकार ने उन्हें रोककर लकड़ी के संबंध में पूछताछ की और लकड़ी काटने को लेकर सवाल किया। पूछताछ के दौरान दोनों के बीच विवाद हो गया। इसी बीच मनोज भुईया ने अपने कंधे पर रखा लकड़ी का लट्ठा फॉरेस्ट गार्ड पिंटू मालाकार पर दे मारा। लट्ठे की चोट से पिंटू मालाकार जमीन पर गिर पड़े। उनके सिर में चोट लगने के साथ ही कान से खून निकलने लगा।

घटना के दौरान वहां मौजूद मॉर्निंग वॉक करने वाले लोगों ने बीच-बचाव किया और घायल फॉरेस्ट गार्ड को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रामानुजगंज पहुंचाया। चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें उच्च चिकित्सा केंद्र के लिए रेफर कर दिया।

सीटी स्कैन की सुविधा नहीं, स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर उठे सवाल

सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रामानुजगंज में सीटी स्कैन की सुविधा उपलब्ध नहीं होने के कारण घायल फॉरेस्ट गार्ड को तत्काल रेफर करना पड़ा। सिर में चोट और कान से खून निकलने के बाद सीटी स्कैन की आवश्यकता महसूस की गई, लेकिन स्थानीय स्तर पर यह सुविधा उपलब्ध नहीं होने से मरीज को दूसरे अस्पताल ले जाना पड़ा।

स्थानीय लोगों का कहना है कि रामानुजगंज के स्वास्थ्य केंद्र में बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने की घोषणाएं पहले की जा चुकी हैं, लेकिन आज तक कई जरूरी सुविधाएं शुरू नहीं हो पाई है। ऐसे में गंभीर मरीजों को इलाज और जांच के लिए दूसरे शहर रेफर करना पड़ रहा है। इस घटना ने एक बार फिर रामानुजगंज की स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में आवश्यक जांच सुविधाएं उपलब्ध हों तो गंभीर मरीजों को तत्काल स्थानीय स्तर पर बेहतर चिकित्सा सुविधा मिल सकती है।

Chhattisgarh News Dhamaka Team

अमन चीफ एडिटर - छत्तीसगढ़ न्यूज़ धमाका // प्रदेश उपाध्यक्ष, छग जर्नलिस्ट वेलफेयर यूनियन छत्तीसगढ // ; हरिभूमि ब्यूरो चीफ जिला कोंडागांव // 18 सालो से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय। विश्वसनीय, सृजनात्मक व सकारात्मक पत्रकारिता में विशेष रूचि। कृषि, वन, शिक्षा; जन जागरूकता के क्षेत्र की खबरों को हमेशा प्राथमिकता। जनहित के समाचारों के लिये तत्परता व् समर्पण// जरूरतमंद अनजाने की भी मदद कर देना पहली प्राथमिकता

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