
मुंबई न्यूज़ धमाका /// वसूली कांड में घिरे मुंबई के पूर्व पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह को सोमवार को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली। साथ ही परमबीर सिंह के वकील ने कोर्ट को उनकी लोकेशन के बारे में भी जानकारी दी। ऐसे में महाराष्ट्र सरकार को परमबीर की गिरफ्तारी पर रोक से झटका लगा है।
कोर्ट ने गिरफ्तारी पर रोक लगाते हुए महाराष्ट्र सरकार से 6 दिसंबर तक जवाब मांगा है। परमबीर ने उसके सारे केस को सीबीआई को सौंपने की मांग की है। सीबीआई को केस सौंपने के दो दिन के भीतर सामने आने का वादा किया है। कोर्ट को बताया गया है कि वह जांच में सहयोग भी करेंगे। अब मामले की अगली सुनवाई 6 दिसंबर को होगी।
परमबीर सिंह के वकील ने कोर्ट में कहा कि मुंबई में आने से उनकी जान को खतरा है, इसलिए वो यहां नहीं आ रहे। जिसको लेकर कोर्ट ने कहा कि हम हैरान है कि उन्हें मुंबई आने में डर लग रहा है। परमबीर सिंह ने सोमवार को सुप्रीम कोर्ट को सूचित किया कि वह भारत में है और फरार नहीं है। परमबीर सिंह ने अपने वकील को अपनी लोकेशन भी बताई है, जो कोर्ट को बता दी गई है।
सुप्रीम कोर्ट से कहा कि मैं 48 घंटे के भीतर सीबीआई के सामने पेश होने के लिए तैयार हूं। अगर मैं गलत हूं, तो मुझे जहां ले जाना चाहें ले कर चले जाए। जस्टिस एस के कौल की अध्यक्षता वाली सुप्रीम कोर्ट की बेंच ने उनके वकील ने ठिकाने के बारे में कोर्ट को सूचित किया। जिसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने परमबीर सिंह को गिरफ्तारी से सुरक्षा भी दी और उन्हें जांच में शामिल होने के लिए भी कहा। कोर्ट सिंह की याचिका पर सुनवाई के लिए राजी हो गया है। महाराष्ट्र सरकार और सीबीआई को नोटिस जारी किया है। अगली सुनवाई 6 दिसंबर के लिए निर्धारित की गई है। महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख अभी पुलिस कस्टडी में हैं और ईडी ने पूछताछ के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया था।




