
दुर्ग न्यूज धमाका – छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में मंत्रालय में चपरासी और बाबू की नौकरी लगाने का झांसा देकर 70 लाख की ठगी करने वाले पिता-पुत्र को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। तीसरा आरोपी अभी फरार है, जिसकी तलाश की जा रही है।
ठगी का तरीका
- आरोपियों ने खुद को बड़े अधिकारियों से जान-पहचान वाला बताते हुए नौकरी लगाने का झांसा दिया।
- बेरोजगारों से लाखों रुपए ऐंठे और ठगी के पैसों से प्लॉट खरीदा।
- अब तक कुल 70 लाख रुपए की धोखाधड़ी की बात सामने आई है।
गिरफ्तारी और जांच
- 6 सितंबर को भेषराम देशमुख (62) और उनके पुत्र रविकांत देशमुख (32) को दुर्ग बस स्टैंड से पकड़ा गया।
- तीसरा आरोपी अरुण मेश्राम फरार है।
- पुलिस ने 12 लाख रुपए में खरीदे गए प्लॉट की रजिस्ट्री, बैंक पासबुक और डायरी जब्त की है।
कानूनी कार्रवाई
आरोपियों पर धारा 420, 34 भादवि के तहत मामला दर्ज कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेजा गया है।
