
बिलासपुर न्यूज धमाका – जिले में एक दिलचस्प और विवादास्पद धर्मांतरण का मामला सामने आया है। मुख्यमंत्री डीएव्ही पब्लिक स्कूल की एक शिक्षिका पर आरोप है कि उसने अपने पति को धर्म परिवर्तन करने के लिए दबाव डाला। पति ने शिकायत दर्ज करवाई है कि उसकी पत्नी और स्कूल की प्रिंसपल ने उसे ईसाई धर्म अपनाने के लिए लालच और धमकी दी, साथ ही यह भी कहा कि यदि वह धर्म परिवर्तन करता है, तो उसे 50,000 रुपये मिलेंगे।
क्या है पूरा मामला?
इंजीनियर मयंक पांडे ने अपनी पत्नी रंजना पांडे के खिलाफ दहेज प्रताड़ना का मामला दर्ज करवाया था। बाद में जब उन्होंने अपनी पत्नी से समझौता करने की बात की, तो पत्नी ने बताया कि स्कूल की प्रिंसपल, केरोलाईन मैरी ने उसे ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रेरित किया था। साथ ही यह भी कहा कि यदि मयंक भी धर्म परिवर्तन करेगा, तो उसे नौकरी और 50,000 रुपये का लालच दिया जाएगा। साथ ही, यदि वह दूसरों को भी धर्म परिवर्तन करने के लिए राजी करेगा, तो उसे प्रति व्यक्ति 20,000 रुपये दिए जाएंगे।
एफआईआर और पुलिस की कार्रवाई
इस मामले में मयंक पांडे ने चकरभाठा थाने में शिकायत दर्ज करवाई है। पुलिस ने रंजना पांडे और प्रिंसपल केरोलाईन मैरी के खिलाफ धारा 299,3(5) बीएनएस के तहत शून्य में अपराध दर्ज किया है। चूंकि घटनास्थल मध्यप्रदेश के अनुपपुर जिले का है, इसलिए जांच के लिए केस डायरी वहां के संबंधित थाने में भेजी गई है।
धर्म परिवर्तन का विवाद
इंजीनियर मयंक पांडे का आरोप है कि उनकी पत्नी ने धर्म परिवर्तन के लिए प्रिंसपल से दबाव और 50,000 रुपये का लालच लिया। मयंक के अनुसार, उनकी पत्नी ने स्कूल में काम करने के डर से धर्म परिवर्तन किया था और अब उसे भी ऐसा करने के लिए मजबूर किया जा रहा था। मयंक ने इसे अपनी धार्मिक भावनाओं का उल्लंघन मानते हुए प्रिंसपल और पत्नी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
