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कोलकाता में टीएमसी नेता अभिषेक बनर्जी के आवास पर पुलिस की कार्रवाई ने राजनीतिक गलियारों में हलचल बढ़ा दी है। पुलिस टीम उनके निजी सहायक (PA) सुमित रॉय की तलाश में आवास पहुंची, जिसके बाद यह मामला चर्चा का विषय बन गया है।

13 जून 2026 //

कोल्कता न्यूज़ धमाका – शनिवार की सुबह कोलकाता में टीएमसी नेता और सांसद अभिषेक बनर्जी के आवास पर उस वक्त हलचल मच गई, जब पुलिस की एक टीम वहां पहुंची। शालबोनी पुलिस स्टेशन और कोलकाता पुलिस के जवानों ने मिलकर अभिषेक बनर्जी के आवास पर छापेमारी की। सुरक्षा के लिहाज से वहां भारी पुलिस बल की तैनाती की गई थी।

अभिषेक बनर्जी के घर पहुंची पुलिस टीम

, पुलिस अधिकारियों की एक टीम कोलकाता स्थित टीएमसी नेता अभिषेक बनर्जी के आवास पर पहुंची। बताया जा रहा है कि टीम सुमित रॉय से जुड़े एक मामले की जांच के सिलसिले में वहां गई थी। पुलिस ने आवश्यक दस्तावेजों और जानकारी जुटाने की प्रक्रिया भी शुरू की।

पुलिस सूत्रों के मुताबिक, सुमित रॉय की तलाश में यह कार्रवाई की गई। जांच एजेंसियां उनसे पूछताछ करना चाहती हैं और इसी उद्देश्य से पुलिस टीम उनके संभावित ठिकानों पर भी नजर बनाए हुए है।

राजनीतिक माहौल हुआ गर्म

अभिषेक बनर्जी पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक प्रमुख चेहरा माने जाते हैं। ऐसे में उनके आवास पर पुलिस की छापेमारी की खबर सामने आने के बाद राजनीतिक हलकों में चर्चाएं तेज हो गई हैं। विपक्षी दलों और टीएमसी नेताओं की प्रतिक्रियाओं पर भी सभी की नजर बनी हुई है।

मिली जानकारी के अनुसार, यह पूरी कार्रवाई अभिषेक बनर्जी के निजी सहायक (PA) सुमित रॉय की तलाश में की गई है। सूत्रों का कहना है कि सुमित रॉय पर पार्टी के टिकट दिलाने के नाम पर लोगों से पैसे लेने के गंभीर आरोप लगे हैं। पुलिस इसी मामले की जांच कर रही है और सुमित रॉय की भूमिका की पड़ताल के लिए उन्हें ढूंढ़ रही है।

ममता बनर्जी पहुंचीं आवास

इस छापेमारी के दौरान पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और टीएमसी सुप्रीमो ममता बनर्जी भी अभिषेक बनर्जी के आवास पर पहुंचीं। पुलिस की कार्रवाई के बाद फिलहाल टीम वहां से रवाना हो चुकी है। इस घटनाक्रम को लेकर राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं, हालांकि अभी तक अभिषेक बनर्जी या उनके कार्यालय की ओर से इस पूरे मामले पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

अभिषेक बनर्जी की मुश्किलें केवल एक मामले तक सीमित नहीं हैं। शुक्रवार को राज्य की CID ने उन्हें एक विवादित बयान के मामले में समन जारी किया। यह मामला चुनाव प्रचार के दौरान उनके द्वारा की गई कथित टिप्पणी से जुड़ा है। CID की टीम ने शुक्रवार को उनके आवास पर नोटिस तामील करने की कोशिश की थी, लेकिन अभिषेक के न होने पर इसे उनके स्टाफ को सौंपा गया।

अब उन्हें 16 जून को जांच अधिकारियों के समक्ष उपस्थित होने का निर्देश दिया गया है। गौरतलब है कि यह मामला पहले बागुईहाटी और साइबर क्राइम थाने में दर्ज था, जिसे बाद में CID को सौंपा गया।

मदन मित्रा के 8 ठिकानों पर ED की छापेमारी

शनिवार को टीएमसी के लिए एक और बड़ा झटका तब लगा जब प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने पार्टी विधायक मदन मित्रा से जुड़े ठिकानों पर छापेमारी शुरू की। यह कार्रवाई कथित नगर निगम भर्ती घोटाले (Municipal Recruitment Scam) के सिलसिले में की जा रही है। ED के अधिकारी कोलकाता के भवानीपुर, उत्तर 24 परगना के कामरहाटी और दक्षिण 24 परगना के जोका सहित करीब आठ स्थानों पर तलाशी ले रहे हैं

एक ही दिन में टीएमसी के शीर्ष नेताओं पर केंद्रीय और राज्य एजेंसियों की सक्रियता ने बंगाल की राजनीति को पूरी तरह गरमा दिया है। एक तरफ अभिषेक बनर्जी के PA की तलाश और उन्हें CID का समन, वहीं दूसरी तरफ वरिष्ठ नेता मदन मित्रा के खिलाफ ED का एक्शन यह दर्शाता है कि आने वाले दिनों में राज्य में राजनीतिक उठापटक और बढ़ने वाली है।

Chhattisgarh News Dhamaka Team

अमन चीफ एडिटर - छत्तीसगढ़ न्यूज़ धमाका // प्रदेश उपाध्यक्ष, छग जर्नलिस्ट वेलफेयर यूनियन छत्तीसगढ // ; हरिभूमि ब्यूरो चीफ जिला कोंडागांव // 18 सालो से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय। विश्वसनीय, सृजनात्मक व सकारात्मक पत्रकारिता में विशेष रूचि। कृषि, वन, शिक्षा; जन जागरूकता के क्षेत्र की खबरों को हमेशा प्राथमिकता। जनहित के समाचारों के लिये तत्परता व् समर्पण// जरूरतमंद अनजाने की भी मदद कर देना पहली प्राथमिकता

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