
बिलासपुर न्यूज धमाका – बिलासपुर हाईकोर्ट ने शहर में खुलेआम हो रही चाकुओं की बिक्री को गंभीरता से लेते हुए इसे जनहित याचिका मानकर सुनवाई शुरू कर दी है। कोर्ट ने प्रदेश सरकार के मुख्य सचिव, डीजीपी, आईजी बिलासपुर, कलेक्टर और एसपी बिलासपुर को पक्षकार बनाया है। साथ ही गृह विभाग के प्रमुख सचिव से व्यक्तिगत रूप से शपथ पत्र पर जवाब तलब किया है।
अगली सुनवाई 25 अगस्त को
हाईकोर्ट की डिवीजन बेंच ने कहा कि बिलासपुर और रायपुर सहित कई जिलों में लगातार चाकूबाजी की घटनाएं बढ़ रही हैं, ऐसे में दुकानों में चाकुओं की आम बिक्री पर रोक के लिए ठोस कदम उठाए जाने जरूरी हैं। मामले की अगली सुनवाई 25 अगस्त को होगी।
हालिया घटनाएं बनी वजह
- रायपुर कोर्ट परिसर में हाल ही में एक बदमाश ने वकील को चाकू दिखाकर धमकाने की कोशिश की थी। मौके पर मौजूद वकीलों ने आरोपी की पिटाई कर उसे पुलिस के हवाले कर दिया।
- इसी साल जनवरी में खमतराई इलाके में एक वकील पर जानलेवा चाकू हमला भी हुआ था, जिसके बाद वकीलों ने आरोपी को कोर्ट परिसर में ही पीटा था।
कोर्ट का रुख
हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है कि लगातार बढ़ रही घटनाओं को देखते हुए सरकार को चाकुओं की बिक्री और उनके अवैध इस्तेमाल पर सख्ती करनी होगी।
