
जशपुर न्यूज धमाका – छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले से एक चौंकाने वाला साइबर क्राइम मामला सामने आया है, जहाँ एक 17 वर्षीय नाबालिग लड़का फेसबुक पर फर्जी प्रोफाइल बनाकर लड़कियों से दोस्ती करता था और फिर मिलने के बहाने बुलाकर उनका मोबाइल, पर्स और पैसे लूटकर फरार हो जाता था। जशपुर पुलिस की सतर्कता और तकनीकी जांच से आरोपी को पकड़ लिया गया है।
फर्जी आईडी, नकली फोटो, असली अपराध
पुलिस के अनुसार, आरोपी फेसबुक पर फर्जी नाम और किसी हैंडसम युवक की प्रोफाइल फोटो लगाकर लड़कियों को फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजता, और बातचीत में भावनात्मक जुड़ाव बनाकर उन्हें मिलने बुलाता था।
मुलाकात के दौरान आरोपी चेहरे पर नकाब या गमछा बांधकर आता, जिससे पीड़िता को शक न हो। जब पीड़िता उसके पास पहुंचती और असल चेहरा देखती, तब तक वह मोबाइल और नकदी छीनकर भाग जाता।
दो लड़कियों से लूट के बाद हुआ भंडाफोड़
- पहला मामला – थाना कुनकुरी क्षेत्र:
26 जून को पीड़िता से फेसबुक पर दोस्ती कर उसे मिलने बुलाया गया। जब नकाब हटाया गया, तो लड़की घबरा गई और भागने लगी, लेकिन आरोपी ने मोबाइल फोन छीनकर फरार हो गया। - दूसरा मामला – थाना दुलदुला:
30 जून को आरोपी ने एक अन्य लड़की को दुलदुला से नारायणपुर मोटरसाइकिल पर ले जाकर लूटा। आरोपी ने उसके फोन से पासवर्ड बदलकर 25,000 रुपए ट्रांजैक्ट किए और 2000 रुपये नकद भी लूट लिए।
सहेलियों से भी की ठगी
आरोपी ने पीड़िताओं के मोबाइल से उनकी सहेलियों से भी चैट कर पैसे ऐंठे। बीमारी या आपात स्थिति का बहाना बनाकर कई सहेलियों से ऑनलाइन पेमेंट मंगाया गया।
तकनीकी टीम की मदद से पकड़ा गया आरोपी
एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देशन में गठित विशेष टीम ने फर्जी फेसबुक अकाउंट और ट्रांजैक्शन डिटेल्स को ट्रेस कर आरोपी तक पहुंच बनाई। फेसबुक अकाउंट में लगी तस्वीर और विवरण पूरी तरह फर्जी निकले।
यूपीआई ट्रांजैक्शन और फोन लोकेशन की जांच से आरोपी की पहचान हुई, जो कि कुनकुरी क्षेत्र का 17 वर्षीय लड़का निकला।
बाल संप्रेषण गृह भेजा गया, आगे की जांच जारी
आरोपी को गिरफ्तार कर बाल संप्रेषण गृह, जशपुर भेजा गया है। पुलिस अब आरोपी के मोबाइल डाटा, सोशल मीडिया अकाउंट और अन्य ट्रांजैक्शन की जांच कर रही है। आशंका है कि वह और भी कई लड़कियों को निशाना बना चुका है।
एसएसपी का संदेश – सोशल मीडिया पर सतर्क रहें
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा:
“यह घटना युवाओं के लिए सबक है। सोशल मीडिया पर किसी अनजान को दोस्त न बनाएं। कोई फोटो देखकर या मीठी बातें सुनकर भरोसा करना खतरनाक हो सकता है।”
उन्होंने कहा कि पुलिस तकनीक का उपयोग कर ऐसे मामलों में तेजी से कार्रवाई कर रही है। आमजन से अपील है कि इस तरह की गतिविधि दिखे तो तुरंत नजदीकी थाने में शिकायत करें।
जनहित में सुझाव
- अजनबी प्रोफाइल से फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार न करें।
- प्रोफाइल वेरिफाई करें – फोटो, पोस्ट, फ्रेंड लिस्ट देखें।
- किसी को व्यक्तिगत जानकारी या पैसे न भेजें।
- किसी अनजान से मिलने अकेले न जाएं, स्थान साझा करें।
