
बिलासपुर,न्यूज़ धमाका :-जैसे-जैसे गर्मी बढ़ रही है, मटके व सुराही के दाम भी आसमान छूने लगे हैं। शहर में चंदेरी मध्य प्रदेश के मटके व सुराही की खूब मांग है। लेकिन इनके दाम लगातार बढ़ते ही जा रहे हैं। गर्मी की शुस्र्आत में मटके की कीमत 100 से 150 रुपये तक थी। वहीं, अब 200 स्र्पये से अधिक खर्च करने पड़ रहे हैं। वही 100 रुपये की सुराही भी 150 स्र्पये में मिल रही है।शीतल जल के लिए बाजार में लोकर मटके के साथ चंदेरी के मटके-सुराही बाजार में खूब नजर आ रहे है ।
लेकिन धीरे-धीरे इनका दाम इतना अधिक बढ़ गया है कि शीतल पानी पीने के लिए इन मटकों -सुराही को खरीदने के पहले 10 बार लोगों को सोचना पड़ रहा है। खासतौर से गरीब तपके के पहुंच से यह देशी फ्रिज दूर होता जा रहा है।
शहर के चौक-चौराहों में अब मटकों के साथ दूरदराज से आए कुम्हार देखने को मिल रहे हैं। ये अलग -अलग आकार मटकों व सुराही के हिसाब से पैसे लेते हैं। यह भाव स्थिर नहीं है, जैसे-जैसे गर्मी बढ़ रही है वैसे-वैसे ही इनके दामों में भी गर्मी आने लगी है।
मिट्टी के बोतल भी 120 में
इस बार मटकी-सुराही के साथ ही मिट्टी के बोतल भी बाजार में उपलब्ध है। जिसे खूब पसंद किया जा रहा है। एक लीटर की बोतल की कीमत 120 से 150 रूपये तक रखी गई है। महंगी होने के बाद भी इसकी खूब बिक्री हो रहा है। छोटा होने के कारण इसमे मटके और सुराही के बजाय पानी जल्दी ठंडा होता है।
ऐसे में महंगा होने के बाद भी इसकी बिक्री जोरों से चल रही है। चंदेरी से पहुंचे कुम्हारों के मुताबिक इन्हें लाने में काफी खर्चा होता है। रास्ते में टूटफूट भी होती है। ऐसे में इनके दाम बढ़ाना पड़ रहा है। दाम नहीं बढ़ाने में घाटा हो सकता है। इसलिए मजबूरी है।

