
बिलासपुर न्यूज धमाका – मस्तूरी में कांग्रेस नेता और जनपद पंचायत उपाध्यक्ष नीतेश सिंह पर हुई फायरिंग के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस ने हत्या की साजिश का पर्दाफाश करते हुए 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में दो नाबालिग भी शामिल हैं, जबकि इस साजिश का मुख्य आरोपी कांग्रेस से निष्कासित युवा नेता विश्वजीत अनंत निकला है।
बिलासपुर एसपी रजनेश सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि घटना के पीछे राजनीतिक वर्चस्व और जमीन विवाद मुख्य कारण थे। पुलिस ने आरोपियों के पास से 2 देसी पिस्टल, 1 देसी कट्टा, 5 मैगजीन, 4 जिंदा कारतूस, 13 खाली खोखे, 10 बुलेट और 5 मोबाइल फोन बरामद किए हैं।
घटना मंगलवार 28 अक्टूबर की देर शाम की है, जब मस्तूरी स्थित नीतेश सिंह के कार्यालय के बाहर बाइक सवार नकाबपोश बदमाशों ने अंधाधुंध फायरिंग की थी। मौके से सामने आए लाइव वीडियो में देखा जा सकता है कि एक शूटर बाइक से उतरकर लगातार गोलियां चला रहा है। जवाबी फायरिंग में नेता और उनके समर्थकों ने बचाव किया, जिसके बाद हमलावर भाग निकले।
फायरिंग के दौरान पूर्व सरपंच चंद्रकांत सिंह के हाथ और राजकुमार सिंह उर्फ राजू सिंह के पैर में गोली लगी, जबकि एक गोली किसी की पीठ को छूकर निकल गई।
पुलिस जांच में सामने आया कि यह हमला दो वर्ष पुराने विवाद का बदला था। दरअसल, वर्ष 2023 में तत्कालीन युवा कांग्रेस अध्यक्ष नीतेश सिंह पर विश्वजीत अनंत ने हमले का आरोप लगाया था। श्रीकांत वर्मा मार्ग पर हुए उस झगड़े में नीतेश और उनके साथियों पर हत्या के प्रयास का मामला दर्ज हुआ था। इसी पुरानी रंजिश के चलते इस बार विश्वजीत ने नीतेश की हत्या की साजिश रची और शूटरों को सुपारी दी थी।
फिलहाल सभी आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस इस पूरे नेटवर्क और हथियारों की सप्लाई चेन की भी जांच कर रही है।
