
रायपुर न्यूज धमाका – राजधानी रायपुर में शनिवार को पं. दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में पीएसवाय उत्कृष्टता सम्मान समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राज्य भर से चयनित प्रतिभावान छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और संस्थानों को सम्मानित किया।
सीएम साय ने कहा: शिक्षा सिर्फ डिग्री नहीं, राष्ट्र सेवा का मार्ग है
मुख्यमंत्री ने समारोह को संबोधित करते हुए कहा,
“शिक्षा केवल डिग्री प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र सेवा का सशक्त मार्ग है। शिक्षा के बिना जीवन अधूरा है और यही किसी भी राष्ट्र की प्रगति की नींव होती है।”
उन्होंने राज्य में शिक्षा के क्षेत्र में हो रही प्रगति की चर्चा करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ अब रजत जयंती वर्ष में प्रवेश कर चुका है और बीते वर्षों में यहां 15 से अधिक मेडिकल कॉलेज, साथ ही आईआईटी, एनआईटी, आईआईएम और एम्स जैसे संस्थान स्थापित हुए हैं।
नई शिक्षा नीति से हो रहे बड़े बदलाव
मुख्यमंत्री साय ने बताया कि नई शिक्षा नीति 2020 को छत्तीसगढ़ में स्थानीय भाषाओं में शिक्षा देने के लिए ज़मीनी स्तर पर लागू किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अब बस्तर जैसे क्षेत्रों में छात्रों को स्थानीय भाषाओं में पढ़ाई करवाई जा रही है और मेडिकल शिक्षा भी हिंदी में दी जा रही है।
“हमारा सपना है कि गांव का हर बच्चा भी वैश्विक स्तर की शिक्षा पा सके।”
🇮🇳 2047 तक विकसित भारत का सपना, युवाओं की भूमिका अहम – बृजमोहन अग्रवाल
इस अवसर पर रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने के लिए आज के युवाओं की भूमिका निर्णायक होगी।
“भारत को फिर से विश्वगुरु बनाने का सपना इन बच्चों की मेहनत से साकार होगा।”
धरमलाल कौशिक ने सराहा सकारात्मक बदलाव
विधायक धरमलाल कौशिक ने कहा कि यह मंच केवल छात्रों को सम्मानित करने का नहीं, बल्कि विविध क्षेत्रों की प्रतिभाओं को एक मंच देने का भी प्रयास है। उन्होंने कहा कि नई शिक्षा नीति के कारण विद्यार्थियों में भाषिक विविधता और कौशल विकास के नए अवसर खुले हैं।
उत्कृष्ट कलाकारों का भी हुआ सम्मान
समारोह में न केवल छात्र, बल्कि विभिन्न विधाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कलाकारों को भी सम्मानित किया गया।
वरिष्ठ चित्रकार राज सैनी ने मुख्यमंत्री को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के साथ उनकी एक विशेष पेंटिंग भेंट की।
उपस्थित रहे कई विशिष्ट अतिथि
समारोह में पीएसवाय प्रेसिडेंट डॉ. एस.के. मिश्रा, सलाहकार महेंद्र गुप्ता, सीईओ शुभ्रा शुक्ला, शिक्षाविद, गणमान्य अतिथि, अभिभावक और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
निष्कर्ष
यह समारोह न केवल छात्रों और शिक्षकों को सम्मानित करने का अवसर था, बल्कि छत्तीसगढ़ की बदलती शैक्षिक तस्वीर को भी दर्शाता है। राज्य सरकार की शिक्षा नीति और बुनियादी ढांचे में निवेश के चलते अब प्रदेश में छात्रों को भविष्य निर्माण के और अधिक अवसर प्राप्त हो रहे हैं।



