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चुनाव बहिष्कार की चेतावनी एंबुलेंस नहीं पहुंचती सिरोंज के हरसामपुर गांव में सड़क नहीं, खाट पर मरीज ढोने को मजबूर ग्रामीण

01 सितम्बर 2026 //

सिरोंज न्यूज़ धमाका – सिरोंज के हरसामपुर गांव में पक्की सड़क नहीं होने से बारिश में करीब एक किलोमीटर का रास्ता कीचड़ में बदल जाता है। एंबुलेंस और जननी एक्सप्रेस गांव तक नहीं पहुंच पातीं, इसलिए ग्रामीण मरीजों को खाट पर रखकर मुख्य सड़क तक ले जाते हैं। ग्रामीणों ने सड़क नहीं बनने पर चुनाव बहिष्कार की चेतावनी दी है।

मध्यप्रदेश के सिरोंज क्षेत्र के हरसामपुर गांव में सड़क की समस्या ग्रामीणों के लिए बड़ी परेशानी बनी हुई है। गांव तक पक्की सड़क नहीं होने के कारण बारिश के दिनों में करीब एक किलोमीटर का रास्ता कीचड़ में बदल जाता है। हालात इतने खराब हैं कि एंबुलेंस और जननी एक्सप्रेस भी गांव तक नहीं पहुंच पाती। ऐसे में इमरजेंसी होने पर ग्रामीण मरीजों को खाट पर रखकर मुख्य सड़क तक ले जाने को मजबूर हैं।

ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से गांव में पक्की सड़क बनाने की मांग की जा रही है, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। उन्होंने स्थानीय विधायक और प्रशासनिक अधिकारियों को भी सड़क निर्माण के लिए आवेदन दिए हैं। इसके बावजूद समस्या जस की तस बनी हुई है।

बारिश में बढ़ जाती है परेशानी

हरसामपुर में बारिश के दौरान कच्चा रास्ता पूरी तरह कीचड़ से भर जाता है। ग्रामीणों के मुताबिक, इस रास्ते से पैदल निकलना भी मुश्किल हो जाता है। स्कूल जाने वाले बच्चों को भी कीचड़ भरे रास्ते से होकर गुजरना पड़ता है। इससे हादसे का खतरा बना रहता है।

कीचड़ में ट्रैक्टर-ट्रॉली के पहिए तक फंस जाते हैं। ऐसे में किसी मरीज को अस्पताल ले जाना बेहद मुश्किल हो जाता है। खासकर गर्भवती महिलाओं के लिए स्थिति ज्यादा गंभीर हो जाती है, क्योंकि जननी एक्सप्रेस गांव के अंदर तक नहीं पहुंच पाती।

एक किलोमीटर पैदल चलना मजबूरी

गांव से मुख्य सड़क तक करीब एक किलोमीटर का रास्ता खराब है। बारिश में इस दूरी को पैदल तय करना पड़ता है। आपात स्थिति में मरीज को खाट पर लिटाकर लोग कीचड़ भरे रास्ते से मुख्य सड़क तक पहुंचाते हैं। इसके बाद ही वाहन के जरिए अस्पताल ले जाना संभव हो पाता है।

सड़क नहीं बनी तो चुनाव बहिष्कार

लंबे समय से मांग पूरी नहीं होने से ग्रामीणों में नाराजगी है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने गांव में पक्की सड़क का निर्माण नहीं कराया तो वे चुनाव का बहिष्कार करेंगे। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क उनके लिए सुविधा नहीं, बल्कि जरूरत है।

प्रशासन ने दिया सड़क सुधार का भरोसा

जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी आशीष अग्रवाल ने बताया कि फिलहाल सड़क को चलने लायक बनाने के लिए उस पर लाल बजरी मिट्टी डाली जाएगी। इसके साथ ही प्रशासन की टीम गांव का सर्वे करेगी। सर्वे के बाद पक्की सड़क निर्माण के लिए सरकार को प्रस्ताव भेजा जाएगा।

Chhattisgarh News Dhamaka Team

अमन चीफ एडिटर - छत्तीसगढ़ न्यूज़ धमाका // प्रदेश उपाध्यक्ष, छग जर्नलिस्ट वेलफेयर यूनियन छत्तीसगढ // ; हरिभूमि ब्यूरो चीफ जिला कोंडागांव // 18 सालो से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय। विश्वसनीय, सृजनात्मक व सकारात्मक पत्रकारिता में विशेष रूचि। कृषि, वन, शिक्षा; जन जागरूकता के क्षेत्र की खबरों को हमेशा प्राथमिकता। जनहित के समाचारों के लिये तत्परता व् समर्पण// जरूरतमंद अनजाने की भी मदद कर देना पहली प्राथमिकता

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