दिल्ली

राम मंदिर चढ़ावा चोरी विवाद पर दिल्ली में VHP की गोपनीय बैठक, 200 से ज्यादा पदाधिकारी जुटे

19 जुलाई 2026 //

अयोध्या स्थित राम मंदिर चढ़ावे चोरी मामले ने पूरे देश को झकझोर दिया है। राम मंदिर चढ़ावा चोरी विवाद के बीच दिल्ली में दो दिवसीय विश्व हिंदू परिषद यानी विहिप की गोपनीय बैठक हो रही है। इस गोपनीय बैठक में 200 से ज्यादा पदाधिकारी जुटे हैं। संगठन के शीर्ष नेतृत्व समेत कई वरिष्ठ नेता इस बैठक में हिस्सा ले रहे हैं। बैठक सोमवार तक चलेगी, जिसमें राम मंदिर दान विवाद का पटाक्षेप, आगे की रणनीति, अन्य मंदिरों में दान प्रबंधन की खामियों को दूर करने का रोडमैप और संगठनात्मक मुद्दों पर विस्तृत मंथन होगा।

विश्व हिंदू परिषद (विहिप) की केंद्रीय प्रबंध समिति और प्रन्यासी मंडल की बैठक पहली बार पूर्ण गोपनीयता के साथ दिल्ली के आरके पुरम स्थित मुख्यालय में हो रही है। पिछले माह अयोध्या में प्रस्तावित बैठक विवाद के चलते स्थगित कर दी गई थी। यह बैठक सिर्फ संगठनात्मक नहीं, बल्कि राम मंदिर आंदोलन की साख बचाने और हिंदू धार्मिक संस्थाओं में पारदर्शिता स्थापित करने की दिशा में एक अहम कदम साबित हो सकती है।

बैठक में संतों और पदाधिकारियों द्वारा इस संबंध में तीखे सवाल उठाए जा सकते हैं। इसलिए इसे गोपनीय रखा गया है। अन्यथा पूर्व की बैठकों में कुछ दिन पूर्व से बैठक की जानकारी तथा उसके मुद्दे सार्वजनिक किए जाते रहे हैं। सूत्रों के अनुसार, इस बैठक में संगठन अन्य मंदिरों में दान संग्रह और उसके प्रबंधन की खामियों को दूर करने का रोडमैप तैयार कर सकता है। साथ ही विवाद का समाधान और भविष्य की रणनीति पर फोकस रहेगा।

वहीं राम मंदिर चढ़ावा चोरी विवाद को विहिप ने शर्मनाक बताया है। संगठन का मानना है कि राम लला के पवित्र दान की पवित्रता बनाए रखना जरूरी है। बैठक में पारदर्शी लेखा-जोखा प्रणाली, कड़े मानक संचालन प्रक्रिया, सीसीटीवी निगरानी और नियमित आडिट जैसे सुधारों पर जोर दिए जाने की संभावना है

राम मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण से सकते में RSS

राम मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और विहिप सकते में है। साथ ही हिंदू समाज आहत है। चंदा चोरी विवाद की शुरुआत जून 2026 के पहले सप्ताह में हुई, जब सपा ने आरोप लगाया कि मंदिर के दान पात्रों से पांच से 7.5 करोड़ रुपये तक की राशि गबन कर ली गई। ट्रस्ट ने इन आरोपों को शुरू में खारिज किया, लेकिन आंतरिक आडिट और शंकाओं के बाद मामले की गंभीरता सामने आई।प्रारंभिक रिपोर्ट में चौंकाने वाले रहस्योद्घाटन हुए, जिसमें सीसीटीवी फुटेज में कर्मचारियों द्वारा नोटों की गड्डियां मोजों, पैंट और बाथरूम में छिपाने की घटनाएं दर्ज हुईं। 27 अप्रैल से पांच जून के बीच करीब 70 मौकों पर चोरी के सबूत मिले। अयोध्या पुलिस ने ट्रस्ट सदस्य कृष्णमोहन की शिकायत पर 25 जून को एफआइआर दर्ज की। राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय और ट्रस्टी अनिल मिश्रा ने इस्तीफा दे दिया है

मामले में अविनाश शुक्ला, अनुकल्प मिश्रा, लवकुश मिश्रा, मनीष कुमार यादव, करुणेश पाण्डेय, रमाशंकर मिश्रा, सुभाष श्रीवास्तव और रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू (चंपत राय के पूर्व ड्राइवर)। इनमें से आठों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा गया। अब तक करीब 80 लाख रुपये बरामद किए जा चुके हैं

Chhattisgarh News Dhamaka Team

अमन चीफ एडिटर - छत्तीसगढ़ न्यूज़ धमाका // प्रदेश उपाध्यक्ष, छग जर्नलिस्ट वेलफेयर यूनियन छत्तीसगढ // ; हरिभूमि ब्यूरो चीफ जिला कोंडागांव // 18 सालो से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय। विश्वसनीय, सृजनात्मक व सकारात्मक पत्रकारिता में विशेष रूचि। कृषि, वन, शिक्षा; जन जागरूकता के क्षेत्र की खबरों को हमेशा प्राथमिकता। जनहित के समाचारों के लिये तत्परता व् समर्पण// जरूरतमंद अनजाने की भी मदद कर देना पहली प्राथमिकता

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