
जसपुर न्यूज़ धमाका – सुशासन तिहार 2026 के जशपुर प्रवास में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने ग्राम भैंसामुड़ा में निर्माणाधीन प्रधानमंत्री आवास का निरीक्षण कर श्रमदान किया, जिससे ग्रामीण भावुक हो उठे।
‘सुशासन तिहार 2026’ के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में भरोसा, संवेदनशीलता और त्वरित समाधान का नया वातावरण बना है। 1 मई से 10 जून तक चल रहे इस अभियान में प्रशासनिक टीमें गांव-गांव जाकर जनसमस्याओं का निवारण कर रही हैं, जबकि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय स्वयं मैदानी स्तर पर निरीक्षण करते हुए लोगों से सीधा संवाद स्थापित कर रहे हैं। जशपुर जिला प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री का एक मानवीय और प्रेरणादायक रूप देखने को मिला।
ग्राम भैंसामुड़ा में भावुक कर देने वाला पल
सुशासन तिहार के दौरान जब मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय विकासखंड पत्थलगांव के ग्राम भैंसामुड़ा पहुंचे, तो वहां प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत निर्माणाधीन घरों का औचक निरीक्षण किया। गांव से गुजरते समय जब उनकी नजर हितग्राही अनुसुइया पैंकरा के निर्माणाधीन मकान पर पड़ी, तो वे तुरंत वाहन से उतरकर स्थल पर पहुंचे और कार्य की गुणवत्ता तथा प्रगति का विस्तार से अवलोकन किया।
CM का श्रमदान, संवेदनशीलता का जीवंत उदाहरण
तग्राही ने जताया आभार
अनुसुइया पैंकरा ने मुख्यमंत्री के प्रति आभार प्रकट करते हुए कहा कि उनका वर्षों पुराना पक्का घर का सपना अब पूरा हो रहा है। प्रधानमंत्री आवास योजना से उन्हें मिल रहा यह घर उनके परिवार को सुरक्षा और सम्मान देगा।
श्रमिकों से संवाद और जनकल्याण का संदेश
मुख्यमंत्री साय ने चंदागढ़ के राजमिस्त्री मोहन चक्रेश से भी चर्चा की और उनके रोजगार, मजदूरी तथा पारिवारिक स्थिति के बारे में जानकारी ली। साथ ही उन्हें शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया। मुख्यमंत्री का यह व्यवहार ग्रामीणों के बीच सहानुभूति और विश्वास को मजबूत करता दिखाई दिया।
ग्रामीणों में बढ़ा भरोसा और सहभागिता
यह घटना केवल औपचारिक निरीक्षण से आगे बढ़कर मुख्यमंत्री की सादगी और संवेदनशीलता का प्रमाण बन गई। भैंसामुड़ा में देखे गए इस दृश्य ने ग्रामीणों के मन में शासन के प्रति विश्वास को और गहरा किया है। सुशासन तिहार का उद्देश्य भी यही है- जनता तक शासन की सेवाओं को सम्मान, आत्मीयता और त्वरित समाधान के साथ पहुँचाना। इस दौरान क्षेत्र की विधायक गोमती साय, कलेक्टर रोहित व्यास सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।



