
रायपुर न्यूज धमाका – राजधानी रायपुर में एक चौंकाने वाले साइबर फ्रॉड का मामला सामने आया है, जिसमें एक आईटी प्रोफेशनल से एल्गो ट्रेडिंग में मोटे मुनाफे का झांसा देकर 2 करोड़ 30 लाख रुपये की ठगी की गई। आरोपी ने न केवल पीड़ित को बल्कि उसके परिजनों के बैंक खातों को भी निशाना बनाया।
पीड़ित गौरव तिवारी, जो पहले चंडीगढ़ में टेक महिंद्रा में कार्यरत थे, रायपुर निवासी नीरज केडिया के झांसे में आ गए। नीरज ने खुद को एक निवेश विशेषज्ञ बताते हुए गौरव को अपने भाई नवीन की फर्म में निवेश करने के लिए प्रेरित किया और एक डीमैट खाता खुलवाया।
जांच में सामने आया कि नीरज ने गौरव और उसके परिवार के सदस्यों से OTP लेकर उनके बैंक और ट्रेडिंग खातों तक पहुंच बनाई। इसके बाद वह मोबाइल के माध्यम से सभी खातों को स्वयं ऑपरेट करने लगा और धीरे-धीरे करोड़ों रुपये अलग-अलग खातों में ट्रांसफर कर दिए।
कुछ समय बाद एक परिचित की सूचना पर गौरव को संदेह हुआ और जब बैंक स्टेटमेंट मंगवाए गए, तो ठगी का खुलासा हुआ। गौरव ने जब आरोपी के भाई नवीन से संपर्क किया, तब यह स्पष्ट हुआ कि जिन खातों को फर्म से जुड़ा बताया गया था, वे नीरज के निजी नियंत्रण में थे।
आज़ाद चौक थाने में नीरज केडिया के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धोखाधड़ी संबंधी धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस को प्रारंभिक जांच में यह एक संगठित साइबर फ्रॉड का मामला प्रतीत हो रहा है। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर साइबर सेल भी जांच में जुट गई है।
पुलिस का कहना है कि यह मामला तकनीकी जानकारी के दुरुपयोग और लोगों के विश्वास को तोड़ने का उदाहरण है। आम जनता से अपील की गई है कि निवेश संबंधित किसी भी प्रस्ताव को बिना सत्यापन स्वीकार न करें और अपने बैंक विवरण व OTP साझा करने से बचें।



