
ग्वालियर न्यूज़ धमाका/// सात माह पहले कोरोना संक्रमण से हुई मां की मौत के बाद मोबाइल पर बुधवार को आए वैक्सीनेशन के प्रमाण पत्र से उनके पुत्र सकते में हैं। क्योंकि उनकी मां सरला अग्रवाल को दूसरा डोज लगाने का संदेश उन्हें 24नवम्बर को प्राप्त हुआ है,जबकि सरला अग्रवाल की मौत 27 अप्रेल को हो चुकी है।
नर्मदा कालोनी मुरार निवासी योगेश अग्रवाल ने जानकारी देते हुए बताया कि उनके माता-पिता कोरोना की दूसरी लहर में संक्रमण की चपेट में आए थे। जिन्हें 19 अप्रेल 2021 को निजी चिकित्सालय में उपचार हेतु भर्ती किया था। इसके बाद मां को 23अप्रेल को जिला चिकित्सालय के कोविड वार्ड में उपचार हेतु भर्ती किया। जहां उपचार के दौरान ही 27अप्रेल 2021 को उनकी मां का निधन हो गया। उन्होंने बताया कि बुधवार 24नवंबर 2021 को जब उनके मोबाइल पर मां को दूसरा डोज लगने का प्रमाण पत्र और संदेश प्राप्त हुआ तो आश्चर्य हुआ कि कैसे संभव हो गया।
नके मोबाइल क्रमांक 7999882107 पर प्राप्त हुए संदेश से कोविड-19 वैक्सीनेशन प्रमाण पत्र क्र.58348711491 में उनकी मां को पहला डोज 4 अप्रेल 2021 और 24 नवंबर 2021 शाम 4.14 बजे दूसरा डोज जिला चिकित्सालय केंद्र पर नर्स सूजा पॉलसन द्वारा लगाया जाना बताया गया है। भेजे गए संदेश और प्रमाण पत्र से यह साबित हो गया है कि टीकाकरण की संख्या बढ़ाने के लिए फर्जी टीकाकरण का खेल कागजों में रफ्तार से जारी है।योगेश अग्रवाल ने बताया कि 27अप्रेल को ही उनके पिता अशोक अग्रवाल का भी निजी चिकित्सालय में कोरोना संक्रमण के कारण निधन हो गया था। माता-पिता दोनों का ही अंतिम संस्कार कोरोना प्रोटोकाल के तहत लक्ष्मीगंज मुक्तिधाम स्थित विधुत शवदाह गृह में कराया गया था।वर्जनइसमें कोई तकनीकी गलती हो सकती है,व्यावहारिक रूप से एेसा होना संभव नहीं है। संबंधित शाखा से जानकारी लेकर बताता हूं कि यह प्रमाण पत्र कैसे जारी हुआ



