
न्यूज़ धमाका :-रूसी आक्रमण के बीच मेडिकल छात्र शिवम राठौर सुरक्षित बिलासपुर लौट आया है। शिवम ने कहा कि 12 दिनों का यह सफर जिंदगी भर याद रहेगा। घर आने के बाद अपने माता-पिता के सीने से लिपट गया। परिवार और दोस्तों में खुशी है तो वहीं घटना को लेकर उसके कानों में अब भी बमबारी की अवाज गूंज रही है।
दयालबंद मधुबन रोड निवासी एवं वित्त अधिकारी नरेंद्र राठौर का पुत्र शिवम घर पहुंचने के बाद खुश तो है लेकिन अपनी मेडिकल की पढ़ाई को लेकर चिंतित भी है। नईदुनिया से चर्चा करते हुए शिवम ने कहा कि वह अंतिम वर्ष का छात्र है। आखिरी बार सितंबर 2021 में बिलासपुर आया था। जिसके बाद वापस पढ़ने यूक्रेन चला गया। खार्कीव के ओलेस्कीव में फ्लैट लेकर रहता था। जिसमें उसके दो और दोस्त बिलासपुर के निखिल पटेल और उत्तर प्रदेश का ओमकार सिंह भी रहता था।
हालांकी ये दोनों अब भी वहीं है। उम्मीद है कि एक-दो दिनों में इनकी भी वापसी संभव होगा। वहीं शिवम की मां षष्ठी राठौर बेटे के सुरक्षित वापसी को लेकर बेहद चिंता में थी। आठ दिनों से श्रीमद भागवत कथा में लीन होकर सुरक्षित वापसी की प्रार्थना कर रही थी। बता दें कि इसके पहले युद्ध भूमि से मेडिकल छात्रा राजीव गांधी चौक निवासी सीमा लदेर की बेटी रिया अदिति लदेर और मेडिकल छात्र व तखतपुर निवासी निलेश जायसवाल पहुंच चुका है।

