
बिलासपुर न्यूज धमाका – टिफिन बम रखने और नक्सली गतिविधियों में शामिल होने के आरोप में गिरफ्तार दो ग्रामीणों को बिलासपुर हाई कोर्ट ने दोषमुक्त कर दिया है। राज्य सरकार की अपील खारिज करते हुए जस्टिस संजय एस. अग्रवाल और जस्टिस राधाकिशन अग्रवाल की डिवीजन बेंच ने स्पेशल कोर्ट के फैसले को बरकरार रखा।
मामला 10 सितंबर 2015 का है, जब दरभा पुलिस और एसटीएफ ने दो ग्रामीणों को झाड़ियों के पीछे से पकड़ने का दावा किया था। पुलिस के मुताबिक, उनसे माओवादी संगठन से संबंध की जानकारी मिली और उनके पास से टिफिन बम, बैटरी और तार बरामद किए गए। हालांकि, स्पेशल कोर्ट ने गवाहों और पुलिस अफसरों के बयानों में भारी विरोधाभास पाते हुए आरोपियों को बरी कर दिया था।
हाई कोर्ट ने कहा कि अभियोजन पक्ष का पूरा मामला संदेह पर आधारित है, जबकि संदेह कभी भी सबूत का स्थान नहीं ले सकता। अदालत ने यह भी पाया कि बरामदगी और गिरफ्तारी को लेकर पुलिस अधिकारियों के बयान एक-दूसरे से मेल नहीं खाते। इस आधार पर ग्रामीणों को दोषमुक्त कर दिया गया।


