
रायपुर न्यूज धमाका – छत्तीसगढ़ सरकार की लोकप्रिय “श्री रामलला दर्शन योजना” के तहत मंगलवार को रायपुर रेलवे स्टेशन से रायपुर संभाग के 850 श्रद्धालुओं को लेकर एक विशेष ट्रेन अयोध्या धाम के लिए रवाना हुई। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने यात्रियों को शुभकामनाएँ दीं और यात्रा के मंगलमय होने की कामना की।
योजना का उद्देश्य और प्रगति
| लक्ष्य | आँकड़े |
|---|---|
| मूल लक्ष्य (मार्च 2024 तक) | 20,000 श्रद्धालु |
| हकीकत | 22,000 + श्रद्धालु पहले ही दर्शन कर चुके |
| नया बजट (FY 2025‑26) | ₹36 करोड़ |
| अब तक रवाना विशेष ट्रेनें | 27 (विभिन्न संभागों से) |
| वित्तीय वर्ष 2025‑26 की पहली ट्रेन | 15 जुलाई 2025, रायपुर |
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि यात्रा प्रधानमंत्री मोदी की उस गारंटी को साकार कर रही है, जिसमें देश के हर नागरिक को प्रभु श्रीराम के दर्शन कराने का संकल्प लिया गया था। छत्तीसगढ़ सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश का हर बुज़ुर्ग और वंचित वर्ग जीवन में एक बार अयोध्या धाम पहुँचे।
रवानगी का उत्साह
दोपहर 1:00 बजे, राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने हरी झंडी दिखाकर ट्रेन को रवाना किया। प्लेटफॉर्म नं. 7 “जय श्रीराम” के नारों से गूंज उठा। यात्रियों का छत्तीसगढ़ी लोकनृत्य‑वाद्य, तिलक व पुष्पमाला से स्वागत हुआ। IRCTC द्वारा भोजन‑पानी व अन्य व्यवस्थाएँ की गईं।
मुख्य अतिथि एवं अधिकारी
- विधायक पुरंदर मिश्रा, मोतीलाल साहू, गुरु खुशवंत साहिब
- पर्यटन मंडल अध्यक्ष नीलू शर्मा, नागरिक आपूर्ति निगम अध्यक्ष संजय श्रीवास्तव
- राज्य वक्फ बोर्ड अध्यक्ष डॉ. सलीम राज
- संस्कृति व पर्यटन सचिव डॉ. रोहित यादव, पर्यटन बोर्ड एमडी विवेक आचार्य
- कलेक्टर रायपुर डॉ. गौरव सिंह और IRCTC प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
योजना की पृष्ठभूमि
- 23 फरवरी 2024: छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल‑IRCTC के बीच एमओयू।
- 5 मार्च 2024: रायपुर से पहली ट्रेन मुख्यमंत्री साय ने रवाना की।
- इसके बाद बिलासपुर, सरगुजा, दुर्ग‑बस्तर संभागों से भी ट्रेनों का संचालन।
- वि.व. 2024‑25 में 22,100 से अधिक श्रद्धालुओं ने दर्शन किए।
आगे की रूपरेखा
सरकार ने घोषणा की है कि सभी पाँच संभागों से साप्ताहिक विशेष ट्रेनें चलती रहेंगी। यात्रियों को अयोध्या के साथ‑साथ काशी विश्वनाथ धाम के दर्शन भी कराए जा रहे हैं।
“यह केवल धार्मिक यात्रा नहीं, छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक चेतना को सशक्त करने की ऐतिहासिक पहल है,”
— मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
संक्षेप में
“श्री रामलला दर्शन योजना” न सिर्फ श्रद्धालुओं की आस्था को मूर्त रूप दे रही है, बल्कि पर्यटन, संस्कृति और सामाजिक समावेशन को भी नई दिशा दे रही है। रायपुर से रवाना यह विशेष ट्रेन इसी प्रतिबद्धता का अगला कदम है।



