
रायपुर न्यूज धमाका – मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में सोमवार को आयोजित कैबिनेट की 30वीं बैठक में राज्य हित से जुड़े कई ऐतिहासिक निर्णय लिए गए। किसानों से लेकर शासकीय कर्मचारियों और उद्योगपतियों तक को राहत देने वाले इन फैसलों से छत्तीसगढ़ के आर्थिक ढांचे को मजबूती मिलेगी।
बैठक के प्रमुख निर्णय एक नजर में:
1. कृषक उन्नति योजना का विस्तार
- अब यह योजना धान उत्पादकों के अलावा दलहन, तिलहन, मक्का जैसी वैकल्पिक फसल लगाने वाले किसानों को भी मिलेगी।
- खरीफ 2025 से लागू; आदान सहायता राशि मिलेगी।
- यह निर्णय फसल विविधता और सतत कृषि को बढ़ावा देगा।
2. लॉजिस्टिक नीति – 2025 को मंजूरी
- छत्तीसगढ़ को लॉजिस्टिक हब के रूप में विकसित किया जाएगा।
- ड्राई पोर्ट, कंटेनर डिपो को मिलेगा प्रोत्साहन।
- भंडारण लागत घटेगी, MSME और कृषि उत्पादों को निर्यात में बढ़ावा मिलेगा।
- ई-कॉमर्स और मल्टीनेशनल कंपनियों को निवेश के लिए आकर्षित किया जाएगा।
3. छत्तीसगढ़ पेंशन फंड
- भविष्य में पेंशन भुगतान की जिम्मेदारी के बेहतर वित्तीय प्रबंधन के लिए नया फंड।
- विधेयक-2025 के प्रारूप को मंजूरी।
4. छत्तीसगढ़ ग्रोथ एंड स्टेबिलिटी फंड
- राजस्व में उतार-चढ़ाव और आर्थिक संकट से निपटने के लिए स्थायी समाधान।
- लंबे समय तक राज्य की वित्तीय स्थिरता सुनिश्चित करेगा।
5. जन विश्वास विधेयक – 2025
- चुनिंदा कानूनों के प्रावधान होंगे गैर-अपराधीकृत।
- व्यापार में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस और न्यायिक मामलों में बोझ घटेगा।
6. रीडेवलपमेंट योजना को स्वीकृति
- 7 पुराने भवनों और परिसरों का पुनर्विकास होगा।
- जैसे: शांति नगर (रायपुर), बीटीआई (शंकर नगर), कैलाश नगर (राजनांदगांव), चांदनी चौक फेस-2 (जगदलपुर), इत्यादि।
7. पदोन्नति की पात्रता में ढील
- पंजीयन विभाग में पदोन्नति के लिए 5 साल की सेवा की पात्रता घटाकर 2 वर्ष की गई — केवल एक बार के लिए।
मुख्यमंत्री का बयान
“हमारा लक्ष्य छत्तीसगढ़ को कृषि, उद्योग और सेवाओं के संतुलन के साथ तेज़ी से आगे बढ़ाना है। आज लिए गए निर्णय इसी दिशा में एक ठोस कदम हैं।”
— मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय



