
रायपुर न्यूज धमाका – कोलकाता में आयोजित ट्रैवल एंड टूरिज्म फेयर (TTF) में छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड ने अपनी सांस्कृतिक विरासत, प्राकृतिक सौंदर्य और पर्यटन संभावनाओं के साथ जबरदस्त उपस्थिति दर्ज कराई। इस मंच पर छत्तीसगढ़ को “अनदेखा भारत” के रूप में प्रस्तुत किया गया, जिससे राज्य को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर उभारने का मार्ग प्रशस्त हुआ।

मुख्य आकर्षण और उपलब्धियां:
50 नए टूर ऑपरेटर-एजेंट्स ने बोर्ड से जुड़ाव किया
- कोलकाता TTF के दौरान 50 से अधिक टूर ऑपरेटर और ट्रैवल एजेंट छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड से आधिकारिक रूप से जुड़े।
- इससे राज्य में पर्यटन के लिए नए मार्ग प्रशस्त होंगे।
नीलू शर्मा का जोशीला संबोधन
- छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड की अध्यक्ष नीलू शर्मा ने उद्घाटन सत्र में जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के साथ मंच साझा किया।
- उन्होंने छत्तीसगढ़ की पहचान को “भारत की आत्मा” बताया और पर्यटन को केवल मनोरंजन नहीं बल्कि सांस्कृतिक सेतु के रूप में प्रस्तुत किया।
“छत्तीसगढ़ को जानना भारत की आत्मा से मिलने जैसा है।” – नीलू शर्मा
पर्यटन को उद्योग का दर्जा
- छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा पर्यटन को उद्योग का दर्जा देने की बात पर जोर दिया गया।
- होमस्टे, रिसॉर्ट, ट्राइबल टूरिज्म, वेलनेस टूरिज्म जैसी योजनाएं इस क्षेत्र में निवेश को आकर्षित कर रही हैं।
प्रमुख स्थलों का विशेष उल्लेख
- चित्रकोट जलप्रपात, कांगेर घाटी, सिरपुर, धुड़मारास, भोरमदेव, डोंगरगढ़, दंतेवाड़ा आदि स्थलों की सुंदरता व आध्यात्मिकता को उभारा गया।
- पश्चिम बंगाल के टूर ऑपरेटरों से छत्तीसगढ़ को अपने पैकेज में शामिल करने की अपील की गई।
कोलकाता में स्थायी सूचना केंद्र की घोषणा
- छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड ने कोलकाता में स्थायी सूचना केंद्र खोलने की घोषणा की ताकि स्थानीय ट्रैवल एजेंट और पर्यटकों को सीधे सेवाएं दी जा सकें।
प्रस्तुति और सहभागिता:
प्रबंध संचालक विवेक आचार्य ने छत्तीसगढ़ की विविधताओं और पर्यटन संभावनाओं पर आधारित प्रेजेंटेशन दिया, जिसमें राज्य सरकार द्वारा लिए गए नीतिगत फैसलों का भी उल्लेख हुआ।
TTF में प्रभावशाली उपस्थिति का महत्व:
यह भागीदारी छत्तीसगढ़ के लिए सिर्फ एक प्रदर्शनी नहीं, बल्कि राष्ट्रीय व वैश्विक पर्यटन नेटवर्क में शामिल होने का सशक्त कदम माना जा रहा है। इस अवसर पर निम्न विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे:
- राजकुमारी थापा, उपाध्यक्ष – सिक्किम विधानसभा
- नासिर असलम वानी, मुख्यमंत्री सलाहकार – जम्मू-कश्मीर
- श्रीपोन तांतिपन्याथेप, महावाणिज्यदूत – थाईलैंड
- 500+ सदस्य – वेस्ट बंगाल टूर ऑपरेटर्स एंड ट्रेवल एजेंट्स एसोसिएशन
निष्कर्ष:
छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड की यह उपस्थिति केवल राज्य की पर्यटन क्षमता को प्रदर्शित करने तक सीमित नहीं रही, बल्कि यह एक स्पष्ट संदेश था कि छत्तीसगढ़ अब देश के मुख्यधारा पर्यटन नक्शे पर तेजी से उभर रहा है।
“अनदेखा भारत” अब दिखने और अपनाए जाने के लिए तैयार है।



