
अंबिकापुर न्यूज धमाका – अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल से चोरी हुई संजीवनी 108 एम्बुलेंस मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस ने आरोपी संविदा वाहन चालक इब्राहिम को गिरफ्तार किया है, जिसने एम्बुलेंस को चोरी कर कबाड़ी को बेच दिया था।
मामले की प्रमुख बातें:
- आरोपी इब्राहिम मेडिकल कॉलेज परिसर में कार्यरत संविदा ड्राइवर था।
- चोरी की गई एम्बुलेंस को कबाड़ी को स्क्रैप में बेच दिया गया।
- पूछताछ में दो अन्य महतारी एक्सप्रेस एम्बुलेंस चोरी की घटनाओं का भी खुलासा हुआ है।
- पुलिस अब कबाड़ी और खरीदार की तलाश में जुटी है।
अस्पताल की सुरक्षा पर सवाल
- मेडिकल कॉलेज अस्पताल में हर माह 7 लाख रुपए सुरक्षा पर खर्च होते हैं।
- 60 सुरक्षाकर्मी तैनात होने के बावजूद, ना सिर्फ बाइक, बल्कि अब पूरी एम्बुलेंस की चोरी हो गई है।
- परिसर में सीसीटीवी फुटेज की जांच जारी है लेकिन अब तक चोरी के समय और तारीख की पुष्टि नहीं हो सकी।
घटना की पृष्ठभूमि:
- एम्बुलेंस क्रमांक CG 02-6563 कई दिनों से नकीपुरिया वार्ड के बाहर खड़ी थी।
- 13 से 16 जुलाई के बीच भर्ती प्रक्रिया के दौरान एम्बुलेंस चोरी हुई।
- 17 जुलाई को चोरी का एहसास हुआ, जिसके बाद मणिपुर थाना पुलिस में रिपोर्ट दर्ज की गई।
पुलिस की प्रतिक्रिया:
एएसपी अमोलक सिंह ढिल्लो ने बताया:
“एम्बुलेंस चोरी की शिकायत पर जांच जारी है। एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। अन्य की तलाश में पुलिस जुटी हुई है। सीसीटीवी, साक्ष्य और अन्य तकनीकी पहलुओं से जांच की जा रही है।”
प्रबंधन पर उठते सवाल:
- सुरक्षा कंपनी CDO से अनुबंध कर अस्पताल में गार्ड लगाए गए हैं, फिर भी चोरी की घटनाएं आम हैं।
- 84 लाख रुपये प्रति वर्ष खर्च के बावजूद ऐसी बड़ी चूक प्रशासन की लापरवाही को उजागर करती है।
निष्कर्ष:
यह मामला न सिर्फ आंतरिक लापरवाही और सुरक्षा व्यवस्था की असफलता को उजागर करता है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि भरोसेमंद दिखने वाला कर्मचारी ही कैसे भरोसे को तोड़ सकता है। अब देखना यह होगा कि पुलिस इस मामले में शेष दोषियों को कब पकड़ पाती है, और अस्पताल प्रबंधन अपनी सुरक्षा व्यवस्था में कितनी पारदर्शिता और जवाबदेही लाता है।



