
कोरबा न्यूज धमाका – छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में एक साल पहले हुए अमित साहू हत्याकांड में कोर्ट ने शुक्रवार को बड़ा फैसला सुनाया। तीन आरोपियों को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। इन आरोपियों ने फिरौती के इरादे से युवक का अपहरण किया था और निर्ममता से हत्या कर दी थी।
क्या है पूरा मामला?
मृतक अमित साहू (25 वर्ष) एक साधारण किसान परिवार से ताल्लुक रखता था। 14 फरवरी 2024 को उसका अपहरण कर लिया गया था। मुख्य आरोपी हेमलाल दिव्य, जो उसका पड़ोसी भी था, ने पैसों के लालच में यह साजिश रची। आरोपियों ने पहले गांव के एक व्यक्ति से शौच का बहाना बनाकर मोबाइल लिया और फरार हो गए, जिससे संदेह न हो।
इसके बाद, अमित को पकड़कर उसके हाथ-पांव रस्सियों से बांध दिए गए। फिर बोलेरो वाहन से लगातार आठ बार कुचलकर हत्या की गई। इसके बाद भी जब वह तड़पता रहा, तो आरोपियों ने पत्थर से उसका सिर कुचल दिया। इस निर्मम हत्या ने पूरे जिले को झकझोर दिया था।
कोर्ट का फैसला
मामले की सुनवाई तृतीय अपर सत्र न्यायाधीश सुनील कुमार नंदे की अदालत में हुई। अदालत में कुल 22 गवाहों के बयान और ठोस सबूतों को आधार बनाते हुए तीनों आरोपियों – हेमलाल दिव्य, पवन कंवर और राजेश लहरे को दोषी करार दिया गया।
अदालत ने तीनों को आजीवन कारावास (उम्रकैद) की सजा सुनाई और स्पष्ट किया कि यह अपराध पूर्वनियोजित, क्रूर और मानवता को शर्मसार करने वाला था।
परिवार को मिला न्याय
अमित के परिजनों ने कोर्ट के फैसले पर संतोष जताया और कहा कि देर से ही सही, लेकिन न्याय मिला है। वहीं स्थानीय लोगों ने भी फैसले का स्वागत करते हुए उम्मीद जताई कि इससे ऐसे अपराध करने वालों में डर पैदा होगा।



