
09 अगस्त 2026 //
पेंड्रा न्यूज़ धमाका – विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर को पेंड्रा में आदिवासी समाज की ओर से भव्य कार्यक्रम और विशाल रैली का आयोजन किया गया, रैली में बड़ी संख्या में समाज के युवा, महिलाएं और बुजुर्ग शामिल हुए।
विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर रविवार 9 अगस्त को पेंड्रा में आदिवासी समाज की ओर से भव्य कार्यक्रम और विशाल रैली का आयोजन किया गया। रैली में बड़ी संख्या में समाज के युवा, महिलाएं और बुजुर्ग शामिल हुए। पारंपरिक वेशभूषा में सजे प्रतिभागियों ने अपनी समृद्ध संस्कृति और परंपराओं की आकर्षक झलक पेश की।
पारंपरिक वेशभूषा बनी आकर्षण का केंद्र
रैली में आदिवासी समाज के लोग हाथों में झंडे, बैनर और जागरूकता से जुड़ी तख्तियां लेकर शामिल हुए। पारंपरिक परिधान और आभूषणों से सजे महिला-पुरुषों ने लोगों का ध्यान खींचा। रैली के दौरान आदिवासी संस्कृति की जीवंत तस्वीर देखने को मिली।
ढोल की थाप पर थिरके कदम, जगह-जगह हुआ पारंपरिक नृत्य
पारंपरिक वाद्य यंत्रों और ढोल-नगाड़ों की गूंज के बीच रैली आगे बढ़ी। युवा और बुजुर्ग उत्साह के साथ नाचते-गाते नजर आए। रैली मार्ग में कई जगह पारंपरिक नृत्य की प्रस्तुतियां भी हुईं, जिससे माहौल पूरी तरह उत्सवमय हो गया।
शिक्षा को बताया समाज की तरक्की की पहली सीढ़ी
कार्यक्रम के दौरान आयोजकों ने समाज के लोगों से बच्चों की शिक्षा पर विशेष ध्यान देने की अपील की। उन्होंने कहा कि शिक्षा के माध्यम से नई पीढ़ी को बेहतर अवसर मिल सकते हैं और समाज सामाजिक एवं आर्थिक रूप से मजबूत हो सकता है। बच्चों को पढ़ाई से जोड़कर उन्हें आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया।
संस्कृति और अधिकारों के प्रति जागरूकता का संदेश
आयोजकों ने कहा कि विश्व आदिवासी दिवस केवल उत्सव मनाने तक सीमित नहीं है। यह दिन आदिवासी समाज की पहचान, संस्कृति, परंपराओं, अधिकारों और विकास के मुद्दों पर जागरूकता बढ़ाने का अवसर भी है। रैली के जरिए समाज में एकता मजबूत करने, सांस्कृतिक विरासत को सुरक्षित रखने और शिक्षा को बढ़ावा देने का संदेश दिया गया।


