
रायपुर न्यूज धमाका – छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से एक बड़े धोखाधड़ी मामले का खुलासा हुआ है। शहर के जाने-माने चिकित्सक डॉ. बी. बालाकृष्णा से 1.5 करोड़ रुपये की ठगी की गई है। इस मामले में मनोज चांवला सहित उनके परिवार के कई सदस्यों के खिलाफ सिविल लाइंस थाना में एफआईआर दर्ज की गई है।
निवेश के नाम पर ठगी
डॉ. बालाकृष्णा, जो शंकर नगर स्थित एडवांस चेस्ट सेंटर के संचालक हैं, ने बताया कि आरोपी मनोज चांवला और उनका परिवार उनके क्लिनिक में इलाज के लिए नियमित रूप से आते थे। इस दौरान दोनों परिवारों के बीच घनिष्ठ संबंध बन गए।
बाद में जब डॉ. बालाकृष्णा ने क्लिनिक को अस्पताल में बदलने की योजना बनाई, तब चांवला परिवार ने उन्हें ट्रेडिंग बिजनेस में निवेश का प्रस्ताव दिया। डॉ. बालाकृष्णा ने इस पर विश्वास कर 1.5 करोड़ रुपये सौंप दिए।
रकम लौटाने से किया इंकार
2022 में जब डॉक्टर ने अपनी राशि वापस मांगी, तो चांवला परिवार ने रकम लौटाने से इंकार कर दिया। बाद में केवल एक करोड़ रुपये देने की बात कहकर, बदले में 15-15 लाख रुपये के 10 चेक थमाए, लेकिन सभी चेक बाउंस हो गए। जांच में सामने आया कि चांवला के खातों में पर्याप्त धन ही नहीं था।
पहले से दर्ज हैं मामले
डॉ. बालाकृष्णा ने मनोज चांवला, उनकी पत्नी खुशबू चांवला, भाई चेतन, बहन नैना और मां कांता चांवला समेत दर्जनों लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज करवाया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। यह भी सामने आया है कि मनोज चांवला पर पहले से भी धोखाधड़ी के केस दर्ज हैं।
जांच जारी, आरोपियों की भूमिका खंगाल रही पुलिस
सिविल लाइंस पुलिस का कहना है कि मामले की गहराई से जांच की जा रही है और धोखाधड़ी, विश्वासघात और फर्जीवाड़े से संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया गया है। जल्द ही आरोपियों से पूछताछ शुरू की जाएगी।
निष्कर्ष
यह मामला एक बार फिर से यह स्पष्ट करता है कि व्यक्तिगत संबंधों की आड़ में भी वित्तीय धोखाधड़ी संभव है और निवेश से पहले पूरी पड़ताल और दस्तावेजी समझौते कितने ज़रूरी हैं।



