
21 सितम्बर 2026 //
रायपुर न्यूज़ धमाका – रायपुर जिले के शासकीय दूधाधारी बजरंग महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय में हिंदी पखवाड़े के तहत व्याख्यान, कविता पाठ, प्रदर्शनी और क्विज का आयोजन हुआ।
रायपुर जिले के शासकीय दूधाधारी बजरंग महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय में हिंदी पखवाड़ा मनाया जा रहा है। जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में प्राचार्य डॉ. जया तिवारी ने कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए कहा कि, हिंदी भाषा सामाजिक सांस्कृतिक परंपरा की भाषा है। यह हमारी आत्मा की भाषा है और हमारी सांस्कृतिक विरासत को आगे बढ़ाती है, उन्होंने हिंदी भाषा के महत्व, उपयोगिता एवं रोजगार के अवसर पर प्रकाश डाला।
साहित्यकारों की रचनाओं पर हुई सारगर्भित चर्चा
अतिथि के रूप में अजीम प्रेमजी फाउंडेशन के सुरेश साहू ने हिंदी भाषा को सोचने तथा महसूस करने का आधार माना और कहा कि, ज्ञान का निर्माण भाषा के बिना नहीं हो सकता। हिंदी विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. कल्पना मिश्रा ने मुंशी प्रेमचंद जी और विनोद कुमार शुक्ला पर सारगर्भित व्याख्यान प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि, अमीर खुसरो की पहेलिया हों या संत धर्मदास के पद, पूर्वी हिंदी हो या पश्चिमी, सभी भारत को एक सूत्र में बाँधते हैं। हिंदी विभाग की सहायक प्राध्यापक मंजू देवी कोचे ने सफल संचालन किया।
शिक्षिकाओं ने प्रस्तुत कीं स्वरचित रचनाएं
यह आयोजन हिंदी विभाग और अजीम प्रेमजी फाउडेंशन के संयुक्त तत्वाधान में संपादित हुआ। वनस्पति शास्त्र की वरिष्ठ प्राध्यापक एवं विभागाध्यक्ष डॉ वैभव आचार्य के द्वारा अपने पिताजी की मौलिक रचना का पाठ किया गया। भौतिकी की विभागाध्यक्ष डॉ रागिनी पाण्डेय के द्वारा मधुशाला पर मधुर गायन प्रस्तुत किया गया। वाणिज्य विभाग में सहायक प्राध्यापक डॉ कीर्ति श्रीवास ने स्वरचित कविता का पाठ किया जो नारी शक्ति और सौंदर्य पर केंद्रित थी। कंप्यूटर विभाग से आरती अवस्थी व कुसुम डड़सेना से स्वरचित काव्यपाठ किए।
कविता पाठ प्रतियोगिता में पूजा ने मारी बाजी
डॉ. आरती उपाध्याय ने धन्यवाद ज्ञापन किया। हिंदी विभाग की डॉ. दुरपत मिरी, डॉ. अंजली खलखो, डॉ. माहेश्वरी गढ़वाल ने इस आयोजन में सफलता पूर्वक भाग लिया। महाविद्यालय की छात्राओं द्वारा कविता पाठ प्रतियोगिता में कविताएं प्रस्तुत की गईं। पूजा प्रथम, अदिति शुक्ला द्वितीय रही। विजेताओं को पुरस्कार स्वरूप पुस्तकें भेंट की गईं। बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित थीं।
विजयी छात्रा ने पढ़ी ये कविता-
मैंने देखा चाँद की तरफ
सोचा क्या वो बातें करता होगा
मैने पूछा पेड़ों से जो रोज रात आसमान के नीचे ठंडी हवाओं में झूमते रहते हैं
उसने कहा वो बातें तो करता है पर सुनाई
उन प्रेमी प्रेमिकाओं को देती हैं जो
एक दूसरे से दूर उनके पास होने के वादे करते हैं।
छात्राओं ने दिखाई साहित्यिक प्रतिभा
प्रेमचंद और विनोद कुमार शुक्ल पर केंद्रित प्रदर्शनी और क्विज का आयोजन अजीम प्रेमजी फाउंडेशन के सहयोग से किया गया। पूजा ने गिरीश कर्नाड के नाटक हयवदन की कहानी सुनाई। अनुष्का साहू ने काव्यपाठ किया। अदिती शुक्ला ने प्रेमचंद की कहानी बोध का पाठ किया।



