
रायपुर न्यूज धमाका – छत्तीसगढ़ और तेलंगाना की सीमा पर कर्रेगुट्टा पहाड़ी क्षेत्र में माओवादियों ने एक बार फिर विश्वासघात किया है। शांति वार्ता का पत्र जारी कर युद्धविराम की घोषणा करने के 24 घंटे के भीतर ही उन्होंने तेलंगाना ग्रेहाउंड बल पर IED धमाका कर हमला कर दिया, जिसमें तीन जवान शहीद हो गए।
हमले की पृष्ठभूमि
- 7 मई को माओवादियों ने एक पत्र जारी कर छह माह के युद्धविराम की बात कही थी।
- लेकिन 8 मई की सुबह ही इलमिड़ी क्षेत्र में IED ब्लास्ट के जरिए ग्रेहाउंड बल को निशाना बनाया गया।
- शहीद हुए जवानों में एन. पवन कल्याण, वडला श्रीधर और संदीप शामिल हैं।
जवाबी कार्रवाई: शीर्ष माओवादी कमांडर मारे गए
सुरक्षा बलों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 10 माओवादियों को ढेर कर दिया। इसमें शामिल हैं:
- चंद्रन्ना – सेंट्रल कमेटी का सदस्य, ₹1 करोड़ का इनामी।
- बंडी प्रकाश – ₹25 लाख का इनामी।
बढ़ते दबाव में आत्मसमर्पण
लगातार अभियानों के दबाव में:
- 38 माओवादियों ने भद्रादी-कोठागुड़ेम (तेलंगाना) में आत्मसमर्पण किया।
- कोंडागांव (छत्तीसगढ़) में ₹16 लाख के इनामी माओवादी दंपती ने पुलिस अधीक्षक के समक्ष आत्मसमर्पण किया।
- दोनों पर ₹8-8 लाख का इनाम था; इन्हें ₹50-50 हजार की प्रोत्साहन राशि दी गई।
सुरक्षा बलों का सख्त संदेश
यह घटना साफ़ दर्शाती है कि माओवादी अब शांति वार्ता के नाम पर रणनीतिक धोखा देने की कोशिश कर रहे हैं। लेकिन सुरक्षा एजेंसियों की सख्त कार्रवाई ने उनके मंसूबों को विफल कर दिया है। अभियान लगातार जारी है और और बड़े माओवादी गुटों की धरपकड़ की संभावना है।



